
Semicon India 2025 (2-4 सितम्बर, यशोभूमि, नई दिल्ली) का थीम “अगली सेमीकंडक्टर शक्ति का निर्माण” है। इसका उद्देश्य भारत को वैश्विक सेमीकंडक्टर हब के रूप में स्थापित करना, डिजाइन, फैब, पैकेजिंग, टेस्टिंग और रिसर्च-डेवलपमेंट में आत्मनिर्भरता को बढ़ावा देना तथा युवाओं के लिए स्किल डेवलपमेंट और रोजगार के अवसर पैदा करना है। इस आयोजन में 300 से अधिक कंपनियां और 30 से अधिक देश भाग ले रहे हैं, जिनमें जापान, दक्षिण कोरिया, सिंगापुर और मलेशिया जैसे देशों के अंतरराष्ट्रीय पवेलियन शामिल हैं। स्टार्टअप व डिजाइन पवेलियन, वर्कफोर्स डेवलपमेंट पवेलियन और फैब, पैकेजिंग, AI आधारित मैन्युफैक्चरिंग व निवेश नीतियों पर तकनीकी सत्र भी होंगे। प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी ने इसका उद्घाटन किया और भारत के पहले “विक्रम 32 बिट प्रोसेसर” का अनावरण किया। उन्होंने चिप्स को 21वीं सदी के “डिजिटल डायमंड” बताते हुए कहा कि भारत का लक्ष्य 1 ट्रिलियन डॉलर के वैश्विक सेमीकंडक्टर बाजार में प्रमुख हिस्सेदारी हासिल करना है। इसके लिए देशभर में 10 बड़े सेमीकंडक्टर और डिस्प्ले प्रोजेक्ट्स को मंजूरी दी जा चुकी है।
इंडिया सेमीकंडक्टर मिशन क्या है?
इंडिया सेमीकंडक्टर मिशन (India Semiconductor Mission – ISM) भारत सरकार की एक विशेष पहल है, जिसे इलेक्ट्रॉनिक्स और सूचना प्रौद्योगिकी मंत्रालय (MeitY) के अंतर्गत शुरू किया गया है। इसका उद्देश्य भारत को वैश्विक सेमीकंडक्टर और डिस्प्ले निर्माण हब बनाना है। यह मिशन सेमीकंडक्टर फैब, डिस्प्ले फैब, डिजाइन, पैकेजिंग, टेस्टिंग और रिसर्च-डेवलपमेंट जैसे क्षेत्रों में निवेश को आकर्षित करता है और उद्योग को आवश्यक वित्तीय प्रोत्साहन, नीतिगत सहयोग और बुनियादी ढाँचा उपलब्ध कराता है।
सरल शब्दों में, ISM भारत का वह राष्ट्रीय कार्यक्रम है जो सेमीकंडक्टर चिप्स और डिस्प्ले तकनीक में आत्मनिर्भरता (Atmanirbharta) लाने और देश को वैश्विक स्तर पर प्रतिस्पर्धी बनाने के लिए काम करता है।
भारत में सेमीकंडक्टर स्टॉक्स कौन-कौन से हैं?
भारत में सेमीकंडक्टर सेक्टर में सक्रिय या उससे संबंधित कई प्रमुख पब्लिकली लिस्टेड कंपनियाँ हैं, जिनके स्टॉक्स निवेशकों और इंडस्ट्री ऑब्जर्वर्स के बीच सबसे ज़्यादा चर्चा में रहते हैं। नीचे प्रमुख भारतीय सेमीकंडक्टर-थीम वाले स्टॉक्स और कंपनियों की सूची प्रस्तुत है:
प्रमुख सेमीकंडक्टर थीम स्टॉक्स (भारत में)
1. Moschip Technologies
फैब्लेस (fabless) डिज़ाइन कंपनी, ASICs/SoCs और VLSI डिज़ाइन में विशेषज्ञ। यह भारत के चिप डिज़ाइन परिदृश्य में अग्रणी है।
2. Tata Elxsi
डिज़ाइन और इंजीनियरिंग सेवा प्रदाता, विशेष रूप से VLSI डिज़ाइन और एम्बेडेड सिस्टम के क्षेत्र में। भारत के सेमीकंडक्टर मिशन से लाभान्वित होने वाली प्रमुख कंपनियों में शामिल है।
3. Dixon Technologies (India)
इलेक्ट्रॉनिक मैन्युफैक्चरिंग सर्विसेज़ (EMS) में अग्रणी, Foxconn के साथ सेमीकंडक्टर असेंबली और टेस्टिंग यूनिट्स के लिए साझेदारी की है।
4. ASM Technologies
सेमीकंडक्टर उपकरणों और तकनीकी सेवाओं में सक्रिय, विशेष रूप से डिज़ाइन और टेस्टिंग में।
5. SPEL Semiconductor
भारत में IC पैकेजिंग और टेस्टिंग में विशेषज्ञ, सेमीकंडक्टर चिप्स के लिए लोकल सॉल्यूशन्स उपलब्ध कराता है।
6. RIR Power Electronics
पावर सेमीकंडक्टर्स (जैसे MOSFETs, IGBTs) बनाती है। उन्नत तकनीकी उपकरणों के बढ़ते उपयोग के केंद्र में है।
7. Cyient
हैदराबाद आधारित इंजीनियरिंग और टेक्नोलॉजी कंपनी, जिसने अपने सब्सिडियरी Cyient Semiconductors के माध्यम से ASIC डिज़ाइन और एम्बेडेड सिस्टम्स पर ध्यान केंद्रित किया है।
8. Kaynes Technology
इंटीग्रेटेड इलेक्ट्रॉनिक उत्पाद निर्माण कंपनी, जो OSAT (Outsourced Semiconductor Assembly & Testing) सुविधाएं स्थापित कर रही है।
9. Tata Electronics
Tata समूह की कंपनी, जो असम में OSAT और गुजरात में फैब्रिकेशन (fab) सुविधाएं स्थापित कर रही है। हालांकि अभी यह पब्लिक नहीं है, लेकिन प्रभावशाली इनिशिएटिव्स में शामिल है।
10. CG Power & Industrial Solutions
सैनंद (गुजरात) में Renesas और Stars Microelectronics के साथ मिलकर सेमीकंडक्टर OSAT सुविधा स्थापित कर रही है; इसका सब्सिडियरी “CG Semi” इस क्षेत्र में पहला कदम बताई जाती है।
11. Bharat Electronics Limited (BEL)
भारत सरकार का रक्षा इलेक्ट्रॉनिक्स और सेमीकंडक्टर घटकों में महत्वपूर्ण योगदान देने वाला PSU। यह राष्ट्रीय रक्षा और अंतरिक्ष प्रौद्योगिकी में सेमीकंडक्टर आधारित उत्पाद बनाता है।
12. Vedanta Ltd (Vedanta Semiconductors)
Vedanta का सब्सिडियरी, जो दिख, माप और डिस्प्ले फ़ैब्स जैसे क्षेत्रों में प्रवेश कर रहा है। भविष्य में यह सेमीकंडक्टर मैन्युफैक्चरिंग में प्रभावशाली भूमिका निभा सकता है।
निष्कर्ष
सेमिकॉन इंडिया 2025 और इंडिया सेमीकंडक्टर मिशन, दोनों ही भारत को वैश्विक स्तर पर सेमीकंडक्टर निर्माण और नवाचार का केंद्र बनाने की दिशा में ऐतिहासिक कदम हैं। इस पहल से न केवल देश को अत्याधुनिक तकनीक में आत्मनिर्भरता मिलेगी, बल्कि रोजगार, स्टार्टअप्स और निवेश के नए अवसर भी खुलेंगे। सरकार और निजी कंपनियों के संयुक्त प्रयास से भारत सेमीकंडक्टर उद्योग में तेजी से अपनी जगह बना रहा है। विभिन्न भारतीय कंपनियाँ जैसे Moschip, Tata Elxsi, Dixon, Kaynes, BEL और Vedanta इस क्रांति का हिस्सा बनकर देश की प्रगति में योगदान दे रही हैं। आने वाले वर्षों में यह क्षेत्र भारत की डिजिटल अर्थव्यवस्था और वैश्विक प्रतिस्पर्धा को नई ऊँचाइयों पर ले जाने की क्षमता रखता है।
